जोधपुर। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को जोधपुर में कहा कि राजस्थान की मिट्टी शौर्य और बलिदान की मिसाल है। यहां के वीर सपूतों ने देश की रक्षा में हमेशा महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि राजस्थान से सेना में बड़ी संख्या में जवान भर्ती होते हैं, लेकिन अधिकारियों की संख्या अपेक्षाकृत कम है। विद्या भारती का नया प्रकल्प इस कमी को पूरा करने में अहम भूमिका निभाएगा।
आदर्श डिफेंस एवं स्पोर्ट्स एकेडमी का लोकार्पण
राजनाथ सिंह ने लालसागर स्थित विद्या भारती संचालित आदर्श विद्या मंदिर परिसर में ‘आदर्श डिफेंस एवं स्पोर्ट्स एकेडमी’ का लोकार्पण किया।
उन्होंने कहा कि रक्षा और शिक्षा का संगम अद्भुत होता है और जब इसमें खेल का भी समावेश हो, तो यह और भी खास बन जाता है।
राजनाथ सिंह ने उम्मीद जताई कि यहां से निकलने वाले विद्यार्थी न केवल राजस्थान बल्कि पूरे देश का नाम रोशन करेंगे।
पहलगाम घटना का उल्लेख
रक्षा मंत्री ने अपने संबोधन में 22 मई को पहलगाम की आतंकी घटना का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि आतंकियों ने वहां धर्म पूछकर निर्दोष लोगों की हत्या की थी, लेकिन भारतीय जवानों ने आतंकियों को उनके कर्म के आधार पर मार गिराया।
उन्होंने कहा कि अगले ही दिन तीनों सेनाओं के प्रमुखों के साथ बैठक हुई थी और प्रधानमंत्री ने तुरंत आवश्यक निर्देश दिए। इसके बाद सेना ने सटीक अटैक कर आतंकियों को जवाब दिया।
राजस्थान की शौर्य परंपरा
राजनाथ सिंह ने राजस्थान की परंपराओं का उल्लेख करते हुए कहा—
यह भूमि कभी पराधीनता स्वीकार नहीं करती।
राणा की शक्ति, मीरा की भक्ति, पन्नाधाय का त्याग और भामाशाह की दानशीलता राजस्थान की पहचान है।
यहां के वीर आज भी सीमाओं पर तिरंगे की रक्षा कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इस भूमि पर जन्म लेना गर्व और सौभाग्य की बात है।
विद्या भारती की भूमिका
इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि विद्या भारती पिछले छह दशक से संस्कारमय शिक्षा दे रही है।
जोधपुर में यह यात्रा 1964 से शुरू हुई थी।
वर्तमान में यहां 17 विद्यालय संचालित हो रहे हैं।
इस संस्थान का उद्देश्य रक्षा और खेल क्षेत्र में देश का नाम रोशन करने वाले विद्यार्थियों को तैयार करना है।
एकेडमी की लागत और सुविधाएं
विद्या भारती के संगठन मंत्री यतींद्र शर्मा ने बताया कि यह प्रकल्प संघ के शताब्दी वर्ष में विकसित किया जा रहा है।
कुल लागत: लगभग 110 करोड़ रुपए।
पहला चरण: 30 करोड़ रुपए खर्च कर हॉस्टल का निर्माण।
सुविधाएं: 400 छात्रों के रहने की व्यवस्था।
इनमें से 200 विद्यार्थी रक्षा क्षेत्र (एनडीए आदि) और 200 विद्यार्थी खेल क्षेत्र में राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशिक्षित किए जाएंगे। प्रवेश केवल चयन परीक्षा के माध्यम से होगा।
विद्या भारती के प्रकल्प से सेना को राजस्थान से अधिकारी मिलने की उम्मीद बढ़ी: राजनाथ सिंह
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BudhaRam Patel
- 25 August 2025
- 8:00 pm