प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2007 में गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री के रूप में गुजरात इंटरनेशनल फाइनेंस टेक-सिटी (GIFT City) की कल्पना की, जो साबरमती नदी के तट पर 986 एकड़ में फैला देश का पहला ग्रीनफील्ड स्मार्ट सिटी है। यह शहर वैश्विक वित्तीय और आईटी हब बन चुका है, जहां सिंगापुर-मलेशिया जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। अहमदाबाद एयरपोर्ट से 20 मिनट की दूरी पर स्थित यह शहर बुलेट ट्रेन से भी जुड़ेगा।
आधुनिक सुविधाएं और पर्यावरण संरक्षण
GIFT City प्रदूषण मुक्त और सेंट्रलाइज्ड एयर कंडीशन्ड है, जहां 34% क्षेत्र ग्रीनफील्ड, 28% व्यावसायिक और 4% आवासीय है। यहां पहली यूटिलिटी टनल, ऑटोमैटिक वेस्ट सिस्टम, उच्च गुणवत्ता वाली बिजली-पानी और विश्व स्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर मौजूद हैं। यह शहर 2047 तक विकसित भारत का मॉडल प्रस्तुत करता है।
रोजगार और वैश्विक कंपनियों का केंद्र
वर्तमान में 27-28 हजार लोगों को रोजगार दे रही GIFT City में गूगल, IBM, TCS, Capgemini, Oracle जैसी आईटी दिग्गज और HSBC, JP Morgan, Citi बैंक कार्यरत हैं। आने वाले वर्षों में एक लाख रोजगार का लक्ष्य है, साथ ही लीलावती हॉस्पिटल, कॉलेज- स्कूल भी स्थापित हो रहे हैं। इंटरनेशनल फाइनेंशियल सर्विसेज सेंटर अथॉरिटी (IFSCA) ने वैश्विक व्यापार को सुगम बनाया।
मोदी विजन का साकार रूप
भुज भूकंप और 2002 दंगों के बाद गुजरात के पुनरुद्धार का प्रतीक GIFT City आज भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत कर रही है। यह सपनों का शहर न केवल आर्थिक विकास का इंजन है, बल्कि वैश्विक मानकों पर आधारित भविष्य का शहर है।