अमेरिका और चीन ने अपने चल रहे व्यापार युद्ध में एक महत्वपूर्ण, लेकिन अस्थायी, समझौते पर सहमति जताई है, जिसके तहत अगले 90 दिनों के लिए टैरिफ (शुल्क) में भारी कटौती की जाएगी।
समझौते के मुख्य बिंदु:
अमेरिका ने चीनी वस्तुओं पर लगने वाले टैरिफ को 145% से घटाकर 30% कर दिया है (अगले तीन महीनों के लिए)।
चीन ने अमेरिकी वस्तुओं पर लगने वाले टैरिफ को 125% से घटाकर 10% कर दिया है (इसी अवधि के लिए)।
यह समझौता स्विट्ज़रलैंड में हुई उच्च स्तरीय वार्ताओं के बाद हुआ है और इसका उद्देश्य दोनों देशों को व्यापार से जुड़े गहरे मुद्दों पर आगे बातचीत के लिए समय देना है। इस खबर से वैश्विक वित्तीय बाजारों में भी सकारात्मक असर देखने को मिला है, जिससे मंदी की आशंकाएं कुछ हद तक कम हुई हैं।
हालांकि, यह समझौता केवल एक अस्थायी विराम है और इससे मुख्य विवादित मुद्दों का समाधान नहीं हुआ है, जैसे कि अमेरिका का चीन के साथ व्यापार घाटा या चीन द्वारा फेंटानिल तस्करी पर सख्त कार्रवाई की मांग। दोनों देशों ने बातचीत जारी रखने और एक स्थायी संवाद तंत्र स्थापित करने पर सहमति जताई है।
यह समझौता व्यवसायों और बाजारों के लिए अल्पकालिक राहत लेकर आया है, लेकिन मूल विवाद और अनसुलझे मुद्दे अभी भी बाकी हैं।