Vsk Jodhpur

TRENDING
TRENDING
TRENDING

तेहरान के पश्चिमी आसमान में जोरदार धमाके: इजरायल-अमेरिका के हवाई हमलों से ईरान की राजधानी दहली, मेहराबाद एयरपोर्ट के पास मचाई तबाही

ईरान की राजधानी तेहरान के पश्चिमी हिस्से में सोमवार तड़के इजरायल और अमेरिका के कथित हवाई हमलों ने आसमान को रोशन कर दिया। ईरान इंटरनेशनल द्वारा प्राप्त वीडियो फुटेज में शक्तिशाली धमाकों की लपटें और धुएं के गुबार साफ दिखाई दे रहे हैं। स्थानीय निवासियों ने बताया कि धमाकों की आवाजें मेहराबाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आसपास से आईं, जहां हवाई रक्षा प्रणाली सक्रिय हो गई।
हमले की खबर फैलते ही तेहरान में हड़कंप मच गया। कई इलाकों में बिजली गुल हो गई और सड़कों पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। ईरानी मीडिया के अनुसार, इजरायली फाइटर जेट्स और अमेरिकी ड्रोन ने करीब आधे घंटे तक निशाना साधा, जिसमें सैन्य ठिकाने, हवाई अड्डे के रनवे और संभावित मिसाइल साइट्स को टारगेट किया गया। मेहराबाद एयरपोर्ट, जो ईरान का प्रमुख सैन्य-सिविलियन हवाई अड्डा है, कई बार हमलों का केंद्र रहा है। यह हमला मिडिल ईस्ट युद्ध के ताजा दौर का हिस्सा लगता है, जहां इजरायल ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम और प्रॉक्सी समूहों (हिजबुल्लाह, हूती) को निशाना बनाया है।


हमलों का विवरण और ईरानी प्रतिक्रिया
चश्मदीदों ने बताया कि सुबह के अंधेरे में आसमान में चमकती लपटें और जोरदार विस्फोटों ने लोगों को घरों से बाहर निकाल दिया। ईरानी रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने हवाई हमलों को ‘राज्य प्रायोजित आतंकवाद’ करार देते हुए कड़ी चेतावनी दी। अधिकारियों के मुताबिक, हमलों में कम से कम 20-25 लोग मारे गए, जिनमें सैन्यकर्मी शामिल हैं। तेहरान के पश्चिमी इलाके, जहां IRGC के कई मुख्यालय हैं, सबसे ज्यादा प्रभावित हुए। ईरान ने जवाबी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी, जिसमें स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर निगरानी बढ़ाई गई।
यह घटना हालिया हमलों की कड़ी है, जहां इजरायल ने ईरान के खुफिया प्रमुख माजिद खादेमी जैसे वरिष्ठ अधिकारियों को निशाना बनाया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसे ‘आत्मरक्षा’ बताया, जबकि इजरायली पीएम नेतन्याहू ने कहा कि ईरान की आक्रामकता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ईरानी सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह खामेनेई ने बंकर से बयान जारी कर ‘विनाशकारी बदला’ की बात कही।


वैश्विक प्रभाव और भारत पर असर
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव से वैश्विक तेल बाजार हिल गया। ब्रेंट क्रूड 110 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया, क्योंकि होर्मुज जलडमरूमध्य से 20% कच्चा तेल गुजरता है। भारत जैसे आयात-निर्भर देशों में पेट्रोल-डीजल कीमतें बढ़ने की आशंका है। भारत ने अपनी नौसेना हॉर्मुज में तैनात कर दी और चाबहार पोर्ट पर सतर्कता बरती। संयुक्त राष्ट्र ने दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की, लेकिन युद्ध की आशंका बढ़ गई है।
तेहरान में इमरजेंसी लागू है और हवाई क्षेत्र बंद कर दिया गया। यह हमला क्षेत्रीय संघर्ष को पूर्ण युद्ध में बदल सकता है, जिसके वैश्विक निहितार्थ गंभीर होंगे।

सोशल शेयर बटन

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Archives

Recent Stories

Scroll to Top